अक्षय कुमार ने नवरात्रि के बीच वैष्णो देवी मंदिर जाने को पैसों की बर्बादी बताया? सच 6 साल पुराना है
क्या हो रहा है वायरल : नवरात्रि के बीच सोशल मीडिया पर एक बयान अक्षय कुमार का बताकर वायरल किया जा रहा है। दावा किया जा रहा है कि अक्षय ने वैष्णो देवी मंदिर जाने को पैसों की बर्बादी बताया है।
अक्षय इस समय अपनी आने वाली फिल्म 'लक्ष्मी बॉम्ब' को लेकर भी निशाने पर हैं। दरअसल, फिल्म में अक्षय कुमार ने आसिफ नाम का किरदार निभाया है, जो हिंदू लड़की प्रिया (कियारा आडवाणी) से शादी करना चाहता है।
और सच क्या है ?
- इंटरनेट पर हमें हाल ही में दिया गया अक्षय कुमार का ऐसा कोई बयान नहीं मिला। जिसमें उन्होंने वैष्णो देवी मंदिर को लेकर कोई बात कही हो। अक्षय कुमार के सोशल मीडिया हैंडल्स पर भी ऐसा कोई अपडेट नहीं मिला।
- सोशल मीडिया पर दावे के साथ एक वीडियो भी वायरल हो रहा है। वीडियो में अक्षय कुमार वैष्णो देवी मंदिर को लेकर अपने अनुभव के बारे में बता रहे हैंं। हालांकि वीडियो में अक्षय ने ये कहीं नहीं कहा कि वैष्णो देवी जाना पैसों की बर्बादी है। बल्कि ये कहा है कि अब वे मंदिर जाने की बजाए किसी जरूरतमंद की मदद कर देते हैं। ऐसा करने से उन्हें दर्शन करने जितना ही सुख मिलता है।
- वीडियो में अक्षय कहते हैं - पहले मैं हर छह महीने में वैष्णो देवी जाता था। फिर मुझे अहसास हुआ कि होटल, बॉडीगार्ड जैसे तामझाम के चलते एक बार वैष्णो देवी जाने में 2-3 लाख रुपए खर्च हो रहे हैं। अब जब भी मेरा मन वैष्णो देवी के दर्शन करने का होता है, मैं उतना पैसा जरूरतमंदों को दे देता हूं। मुझे लगता है कि दर्शन हो गए।
- अलग-अलग की वर्ड सर्च करने से Times of India की वेबसाइट पर अक्षय कुमार का 6 साल पुराना वह इंटरव्यू हमें मिला। जिसमें उन्होंने वैष्णो देवी जाने की बजाए गरीबों को पैसे देने की बात कही है। खास बात यह है कि अक्षय ने इसी इंटरव्यू में उनके और उनके परिवार के वैष्णो देवी पर अटूट विश्वास का भी खुलासा किया है। अक्षय का मानना है कि वैष्णो देवी ने उन्हें कई मुसीबतों से बचाया है।

- इंटरव्यू के एक हिस्से में अक्षय बताते हैं कि मेरे माता-पिता मेरे जन्म से पहले से वैष्णो देवी के भक्त थे। उन्होंने मन्नत मांगी थी कि माता बेटा देगी तो दर्शन करने आएंगे। मैं आठ-नौ महीने का था। 1968 की बात है जब मुझे लेकर माता-पिता कटरा पहुंचे। मुझे तेज बुखार हो गया, डॉक्टर के पास गए तो पता चला कि 102 डिग्री बुखार है। डॉक्टर ने वापस दिल्ली लौटने की सलाह दी। लेकिन, मां बिना दर्शन कराए जाने को तैयार नहीं हुईं, उनका वैष्णो देवी पर अटूट विश्वास था। कटरा से जम्मू के रास्ते में मेरे शरीर का तापमान बढ़ता रहा। पहुंचते-पहुंचते तापमान 104 डिग्री हो गया। मां ने न सिर्फ वापस जाने से इंकार किया बल्कि मुझे बाणगंगा में स्नान भी कराया। फिर दर्शन भी किए। दर्शन करने के बाद बाहर आए और मेरा तापमान चेक कराया तो सब नॉर्मल था। आगे चलकर ऐसे और भी किस्से मेरे साथ होते रहे हैं।
- स्पष्ट है कि सोशल मीडिया पर अक्षय कुमार के नाम पर चलाया जा रहा ये बयान फेक है कि वैष्णो देवी जाना पैसों की बर्बादी है। 6 साल पुराने बयान का गलत अर्थ निकालकर अफवाह फैलाई जा रही है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3m59LeB
Comments